लगभग एक साल तक चली कानूनी जद्दोजहद के बाद एसोसिएशन फॉर प्रोटेक्शन ऑफ सिविल राइट्स (APCR) को बड़ी सफलता मिली है। अदालत ने 2024 के सांभल हिंसा मामले में तत्कालीन सांभल सर्किल ऑफिसर (CO) अनुज चौधरी समेत 12 पुलिसकर्मियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया है।
यह मामला 2024 में सांभल में हुई हिंसा से जुड़ा है, जिसमें पुलिस पर अत्यधिक बल प्रयोग, नागरिक अधिकारों के गंभीर उल्लंघन और पांच मुस्लिम युवकों की मौत के आरोप लगे थे।
APCR ने इन घटनाओं को लेकर लगातार न्यायिक लड़ाई लड़ी और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
अदालत का यह आदेश इस बात का स्पष्ट संदेश है कि जवाबदेही को न तो दबाया जा सकता है, न टाला जा सकता है और न ही नकारा जा सकता है।
यह फैसला न केवल पीड़ित परिवारों के लिए न्याय की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है, बल्कि पुलिस जवाबदेही और नागरिक अधिकारों की रक्षा के लिए भी एक महत्वपूर्ण मिसाल है।
APCR ने इस आदेश को कानून के राज और संवैधानिक मूल्यों की जीत बताते हुए कहा है कि वह आगे भी पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए अपनी लड़ाई जारी

