भारत के प्रधानमंत्री Narendra Modi ने हाल ही में ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian से क्षेत्र की मौजूदा स्थिति को लेकर फोन पर बातचीत की।
प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया पर जानकारी देते हुए कहा कि उन्होंने क्षेत्र में बढ़ते तनाव, नागरिकों की मौत और बुनियादी ढांचे को हो रहे नुकसान पर गहरी चिंता जताई है।
प्रधानमंत्री ने अपने संदेश में कहा कि भारत के नागरिकों की सुरक्षा और सामान तथा ऊर्जा के निर्बाध आवागमन को सुनिश्चित करना भारत की प्राथमिकता है। साथ ही उन्होंने क्षेत्र में शांति और स्थिरता के लिए बातचीत और कूटनीति के रास्ते को आगे बढ़ाने की बात दोहराई।
प्रधानमंत्री के इस बयान के बाद राजनीति भी तेज हो गई है। Sanjay Singh, जो Aam Aadmi Party के वरिष्ठ नेता हैं, ने सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री पर निशाना साधते हुए सवाल उठाए।
संजय सिंह ने अपने पोस्ट में तंज कसते हुए लिखा कि क्या पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने प्रधानमंत्री को ट्वीट करने की अनुमति दी है। उन्होंने कहा कि देश उस समय गैस सिलेंडर की लंबी लाइनों में खड़ा था, जबकि सरकार विदेश नीति को लेकर अलग दावे कर रही थी।
उन्होंने यह भी कहा कि सरकार के समर्थक पहले यह कह रहे थे कि प्रधानमंत्री को विदेश नीति का ज्ञान नहीं है, लेकिन अब वही लोग कह रहे हैं कि ईरान भारत का पारंपरिक मित्र है और संकट की घड़ी में उससे बात की जानी चाहिए। इस मुद्दे पर सोशल मीडिया पर भी राजनीतिक बहस तेज हो गई है।

