देश के 80वें स्वतंत्रता दिवस से पहले जम्मू-कश्मीर के सीमावर्ती गांव गुंडी काजिमोरा में मदरसा निजामिया के छात्रों ने ‘हर घर तिरंगा’ अभियान के तहत तिरंगा रैली निकाली। रैली में मदरसे के छात्रों के साथ स्थानीय लोगों और अन्य नागरिकों ने भी हिस्सा लिया।
रैली के दौरान छात्रों ने हाथों में तिरंगा लेकर देश की आजादी के लिए अपने प्राणों का बलिदान देने वाले शहीदों को याद किया। कार्यक्रम का उद्देश्य देशभक्ति और राष्ट्रीय एकता का संदेश देना था।
इस मौके पर नाज़ामिया वेलफेयर ट्रस्ट के अध्यक्ष और जम्मू-कश्मीर में ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के सदस्य शाबान रज़ा चिश्ती ने युवाओं की जिम्मेदारियों पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि युवाओं को शिक्षा पर ध्यान केंद्रित करने के साथ-साथ समाज में मौजूद समस्याओं को दूर करने की दिशा में काम करना चाहिए।
चिश्ती ने कहा कि जिस तरह देश की सशस्त्र सेनाएं सीमाओं की रक्षा करती हैं, उसी तरह युवाओं को भी शिक्षा हासिल कर समाज में फैल रही बुराइयों, खासकर नशे के खतरे, के खिलाफ काम करना चाहिए।
‘हर घर तिरंगा 2026’ अभियान के तहत जम्मू-कश्मीर के अलग-अलग जिलों, ब्लॉकों और पंचायतों में कई कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इनमें तिरंगा रैलियां, जुलूस, प्रदर्शनियां, संगीत कार्यक्रम, बाइक और साइकिल रैलियां तथा विभिन्न स्थानों पर तिरंगा फहराने के कार्यक्रम शामिल हैं।
इस साल के आयोजनों में ‘वंदे मातरम की भावना को तिरंगा सलाम’ थीम के तहत कार्यक्रम और ‘तिरंगा के साथ सेल्फी’ पहल भी शामिल है।
अभियान का उद्देश्य लोगों को अपने घरों और सरकारी कार्यालयों में राष्ट्रीय ध्वज फहराने के लिए प्रोत्साहित करना है। स्वतंत्रता दिवस से पहले देशभर में इस तरह के कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।

